उत्तराखंड: गैस बुकिंग के बहाने 1.91 लाख की ठगी, महिला साइबर जालसाजों की शिकार बनी

स्क्रीन शेयरिंग के जरिए खाते से उड़ाई रकम, पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर शुरू की जांच व्हाट्सएप नंबर के जरिए संपर्क कर ठगों ने बनाया Source

Apr 1, 2026 - 09:53
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उत्तराखंड: गैस बुकिंग के बहाने 1.91 लाख की ठगी, महिला साइबर जालसाजों की शिकार बनी

उत्तराखंड: गैस बुकिंग के बहाने 1.91 लाख की ठगी, महिला साइबर जालसाजों की शिकार बनी

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कम शब्दों में कहें तो, उत्तराखंड की एक महिला गैस बुकिंग शिकायत के बहाने साइबर जालसाजों के चक्रव्यूह में फंस गई, जिससे उसने 1.91 लाख रुपये खो दिए। ठगों ने स्क्रीन शेयरिंग तकनीक का उपयोग कर महिला के खाते से पैसे उड़ाए। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

घटना का विवरण

उत्तराखंड में एक महिला को गैस बुकिंग शिकायत के नाम पर बड़ी ठगी का शिकार होना पड़ा। उसने जब गैस बुकिंग के बारे में व्हाट्सएप पर बातचीत की, तो जालसाजों ने उसे स्क्रीन शेयरिंग के जरिए अपने जाल में फंसा लिया। इसके तहत उन्हें महिला के बैंक खाते की जानकारी मिली, जिसके बाद ठगों ने उसकी राशि को अपने तरीके से गायब कर दिया।

पुलिस की कार्रवाई

महिला की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच का प्रारंभ किया है। अधिकारियों ने साइबर क्राइम विभाग को भी सूचित किया है ताकि ठगों का पता लगाया जा सके। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे मामलों में लोग अक्सर सतर्क नहीं रहते, जिसके परिणामस्वरूप ठग निश्चित रूप से अपना काम कर लेते हैं।

साइबर ठगी के तरीके

वर्तमान समय में साइबर ठगी के कई तरीके सामने आए हैं। जालसाज लोग अक्सर लोकल और अधिक मान्यता प्राप्त सेवाओं का इस्तेमाल करते हुए लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। गैस बुकिंग जैसे आम तरीकों के माध्यम से वे लोगों की निजी जानकारी चुरा लेते हैं। ऐसे जालसाजों से बचाव के लिए लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है और किसी भी तरह के डाटा शेयरिंग से बचना चाहिए।

सुरक्षा उपाय

साइबर ठगी से बचने के लिए यहां कुछ जरूरी सुझाव दिए गए हैं:

  • कभी भी अपनी निजी जानकारी को अनजान लोगों के साथ साझा न करें।
  • कोई भी लिंक या ऐप डाउनलोड करने से पहले उनकी सत्यता की जांच करें।
  • बैंकिंग संबंधित गतिविधियों के लिए कन्फर्मेशन फोन कॉल का प्रयोग करें।
  • संपर्क नंबरों की कॉल करने से पहले पुष्टि करें कि वे कानूनी हैं।

निष्कर्ष

साइबर ठगी के मामले दिन-ब-दिन बढ़ते जा रहे हैं, और इसे नियंत्रित करने के लिए सभी को सतर्क रहने की आवश्यकता है। उत्तराखंड की महिला की इस मामले ने हमें यह सोचने पर मजबूर किया है कि हमें अपनी व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा कितनी गंभीरता से लेनी चाहिए।

अगर आपको भी गैस बुकिंग या अन्य सेवाओं से संबंधित कोई समस्या है, तो तुरंत संबंधित कंपनियों से संपर्क करने का प्रयास करें और किसी भी अनजान व्यक्ति पर भरोसा न करें। यदि आप साइबर ठगी का शिकार हो जाते हैं, तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराएं। अधिक जानकारी के लिए यहां क्लिक करें.

टीम PWC News - सारा मेहरा

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