आधुनिक तकनीक और वीरता का प्रमाण: देहरादून में ऑपरेशन सिंदूर के एक साल का उत्सव

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दून सैनिक इंस्टीट्यूट, गढ़ी कैंट, देहरादून में ऑपरेशन सिंदूर-शौर्य, सम्मान...

May 12, 2026 - 09:53
 62  11.5k
आधुनिक तकनीक और वीरता का प्रमाण: देहरादून में ऑपरेशन सिंदूर के एक साल का उत्सव

आधुनिक तकनीक और वीरता का प्रमाण: देहरादून में ऑपरेशन सिंदूर के एक साल का उत्सव

Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - PWC News

कम शब्दों में कहें तो, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून में आयोजित एक कार्यक्रम में ऑपरेशन सिंदूर के एक साल पूरे होने का जश्न मनाया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दून सैनिक इंस्टीट्यूट, गढ़ी कैंट, देहरादून में "ऑपरेशन सिंदूर-शौर्य, सम्मान और वीरता" के एक वर्ष के सफलता के अवसर पर एक भव्य कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने भारत की सेना के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की और बताया कि किस प्रकार ऑपरेशन सिंदूर ने आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

ऑपरेशन सिंदूर का महत्व

मुख्यमंत्री ने कहा कि "ऑपरेशन सिंदूर" का सफलतापूर्वक संचालन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय सेना की शक्ति और सामर्थ्य को दर्शाता है। उन्होंने यह भी बताया कि जब पूरा देश सो रहा था, तब भारतीय सेनाओं ने केवल 22 मिनट में पाकिस्तान में स्थित आतंकवादी ठिकानों को ध्वस्त करते हुए एक नई मिसाल कायम की।

सुरक्षा प्रणाली की मजबूती

मुख्यमंत्री ने आगे बताया कि देश की अत्याधुनिक वायु सुरक्षा प्रणाली ने भारतीय सीमाओं की रक्षा करते हुए एक भी मिसाइल को भारतीय जमीन पर गिरने नहीं दिया। भारतीय सेनाओं ने चार दिन के भीतर पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए झुकने पर मजबूर कर दिया।

एक भावनात्मक संबंध

धामी ने कहा कि उत्तराखंड में प्रत्येक परिवार से कोई एक सदस्य सेना में होता है, यही कारण है कि यहां की जनता का सेना से एक गहरा भावनात्मक संबंध है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार भी सैनिकों और उनके दुर्दिनों के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का सामना करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।

रक्षा कोष में वृद्धि

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में, पिछले 12 वर्षों में रक्षा सामग्री के निर्यात में 38 गुना का इजाफा हुआ है। भारत अब 80 से अधिक देशों को रक्षा उपकरण, हथियार और अन्य सामग्री की आपूर्ति कर रहा है। यह अति स्पष्ट है कि भारतीय स्वदेशी हथियार, अन्य देशों के हथियारों से कहीं अधिक बेहतर हैं।

सैनिकों के कल्याण के लिए ठोस कदम

सैनिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए, मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने कई महत्वपूर्ण योजनाएं लागू की हैं, जैसे "वन रैंक वन पेंशन" योजना और "नेशनल वॉर मेमोरियल" का निर्माण। इसके अलावा, शहीदों के परिवारों के लिए अनुग्रह राशि में पांच गुना वृद्धि की गई है और पूर्व सैनिकों के लिए कई सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं।

भविष्य की योजनाएँ

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार ने शहीद सैनिकों के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी में समायोजित करने का निर्णय लिया है। साथ ही, सरकारी नौकरी के लिए आवेदन की अवधि को भी 2 साल से बढ़ाकर 5 साल कर दिया गया है। पूर्व सैनिकों के लिए विकास योजनाओं के तहत, सरकारी बसों में यात्रा की निःशुल्क व्यवस्था की गई है।

For more updates, visit PWC News

इस विशेष कार्यक्रम ने उत्तराखंड की मानवता और patriotism को एक नई दिशा दी है, जिससे आने वाली पीढ़ियों को भी प्रेरणा मिलेगी।

संबंधित योजनाओं और कार्यक्रमों पर ले आंदाजित होकर, इस तरह के प्रयास भारतीय सेना के प्रति हमारी तीव्र भावना को जागरूक करते हैं।

धन्यवाद,

Team PWC News

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow