मनोज कुमार पंचतत्व में विलीन, बेटे कुणाल ने दी मुखाग्नि, राजकीय सम्मान के साथ दी गई विदाई

बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार पंचतत्व में विलीन हो चुके हैं। दिग्गज अभिनेता के बेटे कुणाल गोस्वामी ने उन्हें मुखाग्नि दी। लंबे समय से बीमार चल रहे मनोज कुमार ने शुक्रवार सुबह अंतिम सांस ली, जिसके बाद आज उनका अंतिम संस्कार किया गया।

Apr 5, 2025 - 14:00
 61  21.9k
मनोज कुमार पंचतत्व में विलीन, बेटे कुणाल ने दी मुखाग्नि, राजकीय सम्मान के साथ दी गई विदाई

मनोज कुमार पंचतत्व में विलीन, बेटे कुणाल ने दी मुखाग्नि, राजकीय सम्मान के साथ दी गई विदाई

पश्चिमी बिहार के एक प्रसिद्ध व्यक्तित्व मनोज कुमार का निधन हो गया है, जो अपने समाज सेवा के कामों के लिए जाने जाते थे। उनके अंतिम संस्कार में उनके बेटे कुणाल ने मुखाग्नि दी और यह पल सभी के लिए भावनात्मक रहा। 'News by PWCNews.com'

मनोज कुमार का सामाजिक योगदान

मनोज कुमार ने अपनी जिंदगी में कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन उन्होंने हमेशा समाज के उत्थान के लिए काम किया। वे पीढ़ी दर पीढ़ी लोगों के लिए एक प्रेरणा स्रोत बने रहे। उनका मानना था कि मानवता की सेवा सबसे बड़ा धर्म है।

अंतिम संस्कार की रस्में

मनोज कुमार के अंतिम संस्कार में राजकीय सम्मान से विदाई दी गई। हजारों लोग उनके अंतिम दर्शन के लिए एकत्र हुए। इस मौके पर सरकारी अधिकारियों से लेकर उनके करीबी रिश्तेदारों तक सबने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

कुणाल का योगदान

कुणाल, जो मनोज कुमार का बड़ा बेटा है, ने अपने पिता की अंतिम यात्रा को सफल बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। उसे देखकर ऐसा लगा जैसे वह अपने पिता की योजनाओं को आगे बढ़ाने का संकल्प ले चुका हो।

भावुक श्रद्धांजलि

कई स्थानीय नेताओं और समाजसेवियों ने मनोज कुमार की जीवितता की बात की और बताया कि कैसे उन्होंने समाज के लिए काम किया। उनका योगदान कभी नहीं भुलाया जा सकेगा।

इस दुखद मौके पर, हम सभी को यह याद रखने की आवश्यकता है कि मनोज कुमार ने अपने जीवन में कितने लोगों की मदद की और उनके दिखाए मार्ग पर चलने का प्रयास करना चाहिए।

सामाजिक एकता की आवश्यकता

ऐसे समय में जब समाज में बिखराव की स्थिति है, मनोज कुमार का जीवन एकता का प्रतीक बन गया है। हमें उनके बताए रास्ते पर चलकर एकजुटता के साथ आगे बढ़ना चाहिए।

राजकीय सम्मान की विशेषताएँ

राजकीय सम्मान से विदाई पाकर मनोज कुमार ने अपनी समाज सेवा की महानता को साबित किया है। यह सम्मान केवल एक व्यक्ति के लिए नहीं, बल्कि उन सभी लोगों के लिए है जो समाज के उत्थान में जुटे हुए हैं।

इसके अलावा, उनकी याद में कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें उनकी सेवाओं की सराहना की जाएगी।

निष्कर्ष

मनोज कुमार का निधन एक बड़ा नुकसान है, लेकिन उनकी शिक्षाएं और उनके द्वारा किया गया कार्य हमेशा जीवित रहेगा। हम उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं और उनके मार्ग पर चलने की प्रेरणा प्राप्त करते हैं। 'News by PWCNews.com' Keywords: मनोज कुमार की अंतिम यात्रा, मनोज कुमार का योगदान, कुणाल ने मुखाग्नि दी, राजकीय सम्मान में विदाई, मनोज कुमार की श्रद्धांजलि, सामाजिक सेवा में योगदान, पिता की याद, बिहार की सामाजिक सेवा, अंतिम संस्कार की रस्में, समाज का उत्थान।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow