SIR पर ममता बनर्जी का दावा: "जिसका डर था, वही अब सामने आएगा"

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) को लेकर चुनाव आयोग और बीजेपी पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि SIR के बाद मतदाता सूची का मसौदा जैसे ही सामने आएगा, लोगों को “बीजेपी और चुनाव आयोग द्वारा पैदा की गई आपदा” का एहसास होगा। ममता ने हाल ही में […] The post SIR पर ममता का दावा—“जिसका डर था, वही अब सामने आएगा“ appeared first on Khabar Sansar News.

Nov 26, 2025 - 09:53
 65  501.8k
SIR पर ममता बनर्जी का दावा: "जिसका डर था, वही अब सामने आएगा"

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का कड़ा बयान: SIR के मुद्दे पर उठाए सवाल

Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - PWC News

कम शब्दों में कहें तो, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) के मुद्दे पर बीजेपी और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि जैसे ही मतदाता सूची का मसौदा सार्वजनिक होगा, तब लोग BJP और चुनाव आयोग द्वारा उत्पन्न संकट को समझेंगे।

SIR का मुद्दा और ममता का आरोप

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने हाल ही में SIR के संदर्भ में अपनी चिंताओं को व्यक्त करते हुए आरोप लगाया कि यह प्रक्रिया केवल मतदाता सूची को प्रभावित करने के लिये की जा रही है। उन्होंने कहा कि 'हम एक आपदा की ओर बढ़ रहे हैं, जिसे BJP और चुनाव आयोग ने जन्म दिया है।' उनका यह भी मानना है कि बिहार चुनावों के परिणामों से यह स्पष्ट होता है कि SIR का प्रभाव चुनावी प्रक्रिया में गहरा समावेश रखता है।

“भारत में BJP की नींव हिला दूंगी” – ममता की खुली चुनौती

बंगाल की मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि यदि बीजेपी ने उन्हें बंगाल में कमजोर करने की कोशिश की, तो वह पूरे देश में बीजेपी की नींव हिला देंगी। उन्होंने कहा, “बिहार की चुनावी पराजय से यह स्पष्ट है कि विपक्ष BJP के लिए असहजता महसूस कर रहा है।”

चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल

ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को बीजेपी की कठपुतली करार देते हुए कहा, “चुनाव आयोग अब निष्पक्ष नहीं रहा, यह एक बीजेपी कमीशन बन चुका है। उनका जनता से सामना करने का साहस नहीं है।” उन्होंने सवाल उठाया कि क्या बीजेपी द्वारा शासित राज्यों में SIR लागू होना इस बात का संकेत नहीं है कि वे खुद यह मानते हैं कि वहां घुसपैठ की समस्या है?

SIR का उद्देश्य और विरोधाभास

ममता ने यह पूछने का अधिकार जताया कि यदि SIR का उद्देश्य बांग्लादेशी नागरिकों को वोटर सूची से हटाना है, तो इसका दायरा मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों पर क्यों है? “बंगाल और बांग्लादेश की भाषा एक है और इस वजह से हमें गलत लेबल किया जा रहा है,” उन्होंने कहा।

घुसपैठ पर केंद्र से जवाब मांगते ममता

मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार से पूछा कि जब रोहिंग्या या अन्य घुसपैठिए आ रहे हैं, तो सीमा प्रबंधन की जिम्मेदारी किसकी है? उन्होंने यह भी बताया कि CISF एयरपोर्ट और कस्टम विभाग का प्रबंधन केंद्र के पास है। तो फिर घुसपैठ के लिए बंगाल को क्यों दोषी ठहाराया जा रहा है?

इस प्रकार, ममता बनर्जी ने बीजेपी को आड़े हाथों लेते हुए कहा, “बीजेपी बंगाल को हड़पने की कोशिश कर रही है, जबकि अंग्रेज़ भी बंगाल पर कब्जा नहीं कर पाए थे।” उनके इस तेवर को देखते हुए आने वाले चुनावों में बंगाल की राजनीति में काफी उथल-पुथल देखने को मिल सकती है।

संपूर्ण स्थिति को ध्यान में रखते हुए, यह देखना होगा कि क्या ममता के आरोप आगे चलकर पार्टी की चुनावी रणनीति को प्रभावित करते हैं या नहीं।

अधिक जानकारी के लिए, कृपया हमारी वेबसाइट पर जाएं: PWC News.

लेखिका: सुषमा शर्मा, Team PWC News

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow